रुड़की: परिवहन निगम के कर्मचारियों का सब्र टूटा, कैबिनेट मंत्री प्रदीप बत्रा से लगाई गुहार; 4 महीने से वेतन न मिलने पर गहराया आर्थिक संकट

रुड़की, 11 अप्रैल 2026: उत्तराखंड परिवहन निगम के चालक और परिचालकों की आर्थिक स्थिति बदहाल हो गई है। लंबे समय से वेतन और पीएफ (PF) न मिलने से नाराज कर्मचारियों का एक प्रतिनिधिमंडल आज कैबिनेट मंत्री श्री प्रदीप बत्रा से मिलने उनके आवास पर पहुँचा। कर्मचारियों ने मंत्री को अपनी व्यथा बताते हुए चेतावनी दी कि यदि जल्द भुगतान नहीं हुआ, तो वे उग्र आंदोलन के लिए मजबूर होंगे।

वेतन के लिए तरस रहे रोडवेज कर्मचारी! कैबिनेट मंत्री प्रदीप बत्रा से लगाई गुहार

कर्मचारियों की मुख्य समस्याएं

  1. वेतन संकट: पिछले 4 महीनों से चालक और परिचालकों को वेतन का भुगतान नहीं हुआ है।
  2. पीएफ (PF) बकाया: 5 महीनों से पीएफ की राशि जमा नहीं की गई है, जिससे कर्मचारियों का भविष्य असुरक्षित हो गया है।
  3. आर्थिक तंगी: पिछले दो वर्षों से निरंतर सेवा देने के बावजूद समय पर वेतन न मिलने से कर्मचारियों के परिवारों पर भुखमरी जैसी स्थिति उत्पन्न हो गई है।
  4. क्या बोले परिवहन निगम के कर्मचारी?

प्रतिनिधिमंडल ने मंत्री को सौंपे गए पत्र में कहा कि वे लगातार अपनी सेवाएं दे रहे हैं, लेकिन बदले में उन्हें केवल आश्वासन मिल रहा है। कर्मचारियों ने कहा, "हम अपनी रोजी-रोटी के लिए पूरी तरह विभाग पर निर्भर हैं। वेतन न मिलने से बच्चों की स्कूल फीस, घर का किराया और दवाइयों का खर्च उठाना मुश्किल हो गया है।" उन्होंने मंत्री से इस मामले में सहानुभूतिपूर्वक हस्तक्षेप करने की पुरजोर मांग की है।

कैबिनेट मंत्री प्रदीप बत्रा का कड़ा रुख

कर्मचारियों की समस्याएं सुनने के बाद कैबिनेट मंत्री प्रदीप बत्रा ने इसे अत्यंत गंभीर मामला करार दिया। उन्होंने ठेकेदारों की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए कहा कि ऐसी लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

मंत्री ने दिया यह आश्वासन:

  1. ठेकेदार पर कार्रवाई: मामले की जांच में पता चला है कि ठेकेदार द्वारा वेतन भुगतान में बड़ी कोताही बरती गई है।
  2. जमानत राशि होगी जब्त: मंत्री ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि संबंधित ठेकेदार की जमानत राशि (Security Deposit) को तुरंत जब्त किया जाएगा।
  3. नया टेंडर: विभाग ने पहले ही नया टेंडर जारी कर दिया है ताकि व्यवस्था को सुधारा जा सके।
  4. त्वरित भुगतान: मंत्री ने आश्वासन दिया है कि जल्द ही कर्मचारियों के रुके हुए वेतन और पीएफ का भुगतान सुनिश्चित कराया जाएगा।

कैबिनेट मंत्री प्रदीप बत्रा का बयान

मुलाकात के बाद कैबिनेट मंत्री प्रदीप बत्रा ने कहा:

"परिवहन निगम के चालक और परिचालकों की समस्या अत्यंत गंभीर है। जिस तरह की शिकायतें मिली हैं, उससे साफ है कि ठेकेदार द्वारा कर्मचारियों के हक का पैसा रोका गया है। हमने नया टेंडर प्रक्रिया शुरू कर दी है और हम सख्त कार्यवाही करते हुए ठेकेदार की जमानत राशि जब्त करेंगे। कर्मचारियों का एक-एक पैसा उन्हें मिलेगा, इस पर विभाग काम कर रहा है।"
परिवहन निगम के कर्मचारियों को अब मंत्री के आश्वासन से उम्मीद बंधी है। देखना यह होगा कि विभाग कितनी जल्दी ठेकेदार पर कार्रवाई कर कर्मचारियों के खाली खातों में उनका बकाया वेतन पहुँचाता है।

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