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देहरादून, 16 अक्टूबर, 2026: उत्तराखण्ड में पुलिस बल के भीतर महिलाओं की भागीदारी को और अधिक सुदृढ़ बनाने तथा महिला आरक्षियों के लिए सेवा के बेहतर और सुरक्षित अवसर सुनिश्चित करने के लिए राज्य सरकार ने एक बड़ा नीतिगत निर्णय लिया है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने जनपदीय पुलिस (District Police) में महिला आरक्षियों के पदों की संख्या वर्तमान 526 से बढ़ाकर 2,000 किए जाने के महत्वपूर्ण प्रस्ताव को अपनी औपचारिक स्वीकृति एवं अनुमोदन प्रदान कर दिया है।
कार्मिक विभाग के दिशा-निर्देशों के तहत यह पूरी प्रक्रिया बिना किसी अतिरिक्त वित्तीय भार के और कुल स्वीकृत पदों की संख्या में बिना वृद्धि किए संपन्न की जाएगी। इसके अंतर्गत अन्य संवर्गों एवं शाखाओं के स्वीकृत पदों से 1,474 अतिरिक्त पदों का समायोजन किया जाएगा।
अधिसंख्य महिला आरक्षियों के समायोजन और पदोन्नति का मार्ग प्रशस्त
शासन द्वारा दी गई इस मंजूरी के तहत निम्नलिखित प्रशासनिक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जाएंगी:
- पदों का विस्तार: वर्तमान में उपलब्ध 526 पदों को बढ़ाकर सीधे 2,000 किया गया है, जिसके लिए 1,474 नए पद अन्य शाखाओं से समायोजित होंगे।
- अधिसंख्य महिला आरक्षियों का समायोजन: वर्तमान में कार्यरत 1,210 अधिसंख्य (Supernumerary) महिला आरक्षियों के विधिवत समायोजन का मार्ग प्रशस्त होगा।
- पदोन्नति के नए अवसर: भविष्य में महिला पुलिस कर्मियों के लिए उच्चतर पदों पर पदोन्नति (Promotion) के सुगम अवसर सुनिश्चित करने हेतु उच्चतर पदों के पुनर्गठन का पृथक प्रस्ताव भी तैयार किया जाएगा।
उत्तराखंड महिला आरक्षी पद विस्तार 2026: सांख्यिकी ब्योरा
16 अक्टूबर, 2026 को मुख्यमंत्री कार्यालय द्वारा स्वीकृत प्रस्ताव का संकलित विवरण:
| प्रशासनिक घटक | पूर्व स्थिति | संशोधित / स्वीकृत स्थिति | नीतिगत लाभ एवं उद्देश्य |
| जनपदीय पुलिस महिला आरक्षी | मात्र 526 पद | कुल 2,000 पद (+1474 की वृद्धि) | पुलिस बल में महिलाओं की प्रभावी भागीदारी सुनिश्चित करना। |
| समायोजन प्रक्रिया | अधिसंख्य महिला आरक्षी कार्यरत | 1210 अधिसंख्य पदों का नियमित समायोजन | अन्य संवर्गों से पदों को री-अलोकेट कर वित्तीय संतुलन बनाना। |
| वित्तीय प्रभाव | — | शून्य अतिरिक्त वित्तीय भार | बिना किसी नए वित्तीय बोझ के प्रशासनिक सुदृढ़ीकरण। |
| भविष्य की संभावनाएं | सीमित पदोन्नति दायरे | उच्चतर पदों का पुनर्गठन | महिला पुलिस कर्मियों के लिए करियर ग्रोथ व पदोन्नति। |
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का वक्तव्य: पुलिस बल में मातृशक्ति की भूमिका को बढ़ावा
महिला आरक्षियों के पदों में भारी बढ़ोतरी के ऐतिहासिक निर्णय पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा:
"प्रदेश की कानून-व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने तथा पुलिस बल में महिलाओं की सहभागिता व भागीदारी को बढ़ावा देने के लिए हमारी सरकार निरंतर प्रयासरत है। हमारी सरकार का मुख्य उद्देश्य महिला पुलिस कर्मियों को सेवा के बेहतर अवसर उपलब्ध कराने के साथ ही उनके भविष्य को सुरक्षित, सुदृढ़ और उज्ज्वल बनाना है।"
पुलिस सुधार एवं महिला कल्याण नीति के 4 मुख्य बिंदु
राज्य सरकार द्वारा अपनाई जा रही प्रशासनिक प्राथमिकताएं:
- मातृशक्ति का नेतृत्व: कानून-व्यवस्था, महिला सुरक्षा और जनसुनवाई में महिला पुलिस कर्मियों की संख्या बढ़ाकर थानों व चौकियों को अधिक संवेदनशील बनाना।
- वित्तीय अनुशासन के साथ विस्तार: बिना अतिरिक्त वित्तीय बोझ के संसाधनों और पदों का बेहतर आंतरिक समायोजन (Internal Adjustment)।
- करियर सुरक्षा: कार्यरत अधिसंख्य कर्मियों को नियमित कर उनके सेवाकाल और भविष्य की पदोन्नति को सुरक्षित करना।
- लिंग समावेशी पुलिसिंग: राज्य के पुलिस बल में लैंगिक संतुलन स्थापित कर आधुनिक पुलिसिंग के मानकों को पूरा करना।
महिला सशक्तिकरण और सुदृढ़ कानून-व्यवस्था का नया अध्याय
16 अक्टूबर, 2026 को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी द्वारा महिला आरक्षियों के पदों को 526 से बढ़ाकर 2,000 किए जाने का यह निर्णय उत्तराखण्ड पुलिस के इतिहास में मील का पत्थर साबित होगा। इससे न केवल महिला सुरक्षा के मोर्चे पर पुलिस बल को मजबूती मिलेगी, बल्कि हजारों महिला आरक्षियों को बेहतर सेवा और पदोन्नति के सुनहरे अवसर प्राप्त होंगे।
