हरिद्वार, 13 अप्रैल 2026: तीर्थनगरी हरिद्वार में अतिक्रमणकारियों के खिलाफ नगर निगम का विशेष अभियान लगातार छठे दिन भी पूरे जोर-शोर से जारी रहा। जिलाधिकारी हरिद्वार और नगर आयुक्त के सख्त निर्देशों के अनुपालन में निगम की टीम ने शहर के प्रमुख स्थानों से अवैध कब्जों को हटाने का काम किया।
इस निरंतर चल रहे अभियान का उद्देश्य सार्वजनिक मार्गों, नालियों और फुटपाथों को अतिक्रमण मुक्त बनाकर आम नागरिकों के लिए सुगम बनाना है।
अभियान के मुख्य बिंदु (12 अप्रैल 2026)
| विवरण | प्रमुख जानकारी |
| अभियान का दिन | लगातार छठा दिन |
| कार्यवाही क्षेत्र | सीसीआर चौक के निकट और रोड़ी बेलवाला |
| ध्वस्त किए गए अतिक्रमण | 30 से अधिक अवैध ठेलियां और अस्थायी निर्माण |
| मुख्या उद्देश्य | सार्वजनिक मार्गों और नालियों को बाधा मुक्त करना |
| सख्ती का रुख | विरोध के बावजूद पुलिस बल की मौजूदगी में ध्वस्तीकरण |
विरोध के बावजूद निगम का कड़ा रुख
अभियान के दौरान जब नगर निगम की टीम ने सीसीआर चौक और रोड़ी बेलवाला क्षेत्र में कार्रवाई शुरू की, तो कुछ स्थानीय लोगों और अतिक्रमणकारियों ने विरोध करने का प्रयास किया। हालांकि, मौके पर मौजूद पुलिस बल और निगम अधिकारियों ने स्थिति को सख्ती से नियंत्रित किया। विरोध की परवाह न करते हुए टीम ने समस्त अस्थायी अतिक्रमणों और अवैध ठेलियों को मौके पर ही नष्ट कर दिया।
अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि सार्वजनिक स्थानों पर अवैध कब्जा करना कानूनन अपराध है और इसे किसी भी हाल में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
नगर निगम की दो टूक चेतावनी
नगर निगम प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि शहर के किसी भी कोने में यदि अतिक्रमण पाया जाता है, तो निगम की टीम बिना किसी पूर्व सूचना के उसे हटाने और नष्ट करने के लिए बाध्य होगी। यह अभियान शहर की स्वच्छता और सुगम यातायात व्यवस्था के लिए मील का पत्थर साबित हो रहा है।
अभियान में शामिल प्रमुख अधिकारी:
- श्री दीपक गोस्वामी, उप नगर आयुक्त
- श्री अर्जुन सिंह, मुख्य सफाई निरीक्षक
- श्री आदित्य तेश्वर, अतिक्रमण सहायक
- नगर निगम हरिद्वार की प्रवर्तन टीम और पुलिस बल।
स्वच्छ और सुगम हरिद्वार की ओर कदम
पिछले छह दिनों से चल रहे इस अभियान से शहर की सड़कों पर यातायात का दबाव कम हुआ है और पैदल चलने वाले राहगीरों को बड़ी राहत मिली है। यदि आप भी शहर में किसी भी प्रकार का अस्थायी अतिक्रमण कर रहे हैं, तो उसे स्वयं हटा लें, अन्यथा निगम की कार्रवाई के लिए तैयार रहें। नगर निगम हरिद्वार शहर को "सुंदर, स्वच्छ और जाम मुक्त" बनाने के लिए अपने संकल्प पर अडिग है।
