Advertisement

Advertisement...

उत्तराखंड में 'धामी' रफ्तार: 401 करोड़ की 74 योजनाओं की सौगात; बदल जाएगी देहरादून की सूरत, यहाँ देखें पूरी लिस्ट!


Aapki Media AI


देहरादून, उत्तराखंड: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की सरकार ने अपने सफल कार्यकाल के चार वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में प्रदेशवासियों को विकास का एक ऐतिहासिक उपहार दिया है। देहरादून के परेड ग्राउंड में आयोजित "जन-जन की सरकार चार साल बेमिसाल" कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने ₹401.86 करोड़ की लागत वाली कुल 74 विकास योजनाओं की झड़ी लगा दी।

Pushkar Singh Dhami Achievements
 

इस मेगा प्रोजेक्ट में केवल बुनियादी ढांचा ही नहीं, बल्कि स्वास्थ्य, शिक्षा, स्वच्छता और कृषि जैसे हर उस पहलू को छुआ गया है जो एक सामान्य नागरिक के जीवन स्तर को ऊंचा उठाता है।

विकास का रिपोर्ट कार्ड: एक नज़र में

नीचे दी गई तालिका मुख्यमंत्री द्वारा घोषित योजनाओं के वित्तीय और संख्यात्मक विभाजन को दर्शाती है:

श्रेणी (Category)योजनाओं की संख्याकुल लागत (करोड़ ₹ में)
लोकार्पण (Inauguration)41₹ 302.42 करोड़
शिलान्यास (Foundation Stone)33₹ 99.44 करोड़
कुल योग (Grand Total)74₹ 401.86 करोड

1. स्वच्छता और पर्यावरण: नमामि गंगे को मिली नई ताकत

देहरादून को 'स्मार्ट और क्लीन सिटी' बनाने के संकल्प के साथ मुख्यमंत्री ने सीवरेज और स्वच्छता प्रणाली पर सबसे अधिक जोर दिया है।

  • सपेरा बस्ती एसटीपी: ₹78.98 करोड़ की लागत से नमामि गंगे के तहत 15 एम.एल.डी. क्षमता का सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट (STP) अब शहर की गंदगी को साफ करने में मील का पत्थर साबित होगा।
  • सीवर लाइनों का जाल: आराघर चौक से मोधरोवाला तक ₹28.46 करोड़ और सहारनपुर चौक से पथरीबाग तक ₹19.03 करोड़ की लागत से ट्रक सीवर लाइन बिछाने का कार्य पूर्ण हो चुका है।
  • स्थानीय लाभ: ओम सिटी, कुसुम विहार, चमन विहार और इंदिरा नगर जैसे क्षेत्रों में सीवरेज की समस्या अब बीते कल की बात हो जाएगी।

2. शिक्षा और युवा कल्याण: स्कूलों का आधुनिक स्वरूप

"विकसित उत्तराखंड" की नींव हमारे स्कूलों में है। मुख्यमंत्री ने ग्रामीण और दूरस्थ क्षेत्रों के राजकीय इंटर कॉलेजों (GIC) के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के लिए विशेष बजट आवंटित किया है।

  • नवनिर्मित भवन: माजरीग्रांट (डोईवाला), गुनियालगांव (सहसपुर), बाड़वाला (विकासनगर), और ग्वासापुल (चकराता) जैसे क्षेत्रों के राजकीय इंटर कॉलेजों में आधुनिक भवनों का निर्माण किया गया है।
  • बाल कल्याण: श्री साधुराम इंटर कॉलेज में कूड़ा बीनने वाले बच्चों के पुनर्वास के लिए कंप्यूटर और मनोरंजन कक्ष का निर्माण सरकार की संवेदनशील कार्यशैली को दर्शाता है।
  • छात्रावास: चकराता में बालिका छात्रावास के निर्माण से दूर-दराज की बेटियों को उच्च शिक्षा में मदद मिलेगी।

3. स्वास्थ्य और चिकित्सा: सेलाकुई में 100 बेड वाला अस्पताल

उत्तराखंड जैसे भौगोलिक परिस्थितियों वाले राज्य में स्वास्थ्य सेवाओं का सुदृढ़ीकरण अनिवार्य है।

  • मानसिक स्वास्थ्य: सेलाकुई में ₹27.47 करोड़ की लागत से 100 शैय्याओं वाला चिकित्सालय और आवासीय भवन बनकर तैयार है। यह राज्य के मानसिक स्वास्थ्य ढांचे में क्रांतिकारी सुधार लाएगा।
  • पीएचसी छिद्दरवाला: छिद्दरवाला में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र का निर्माण स्थानीय आबादी को तत्काल चिकित्सा सहायता सुनिश्चित करेगा।

4. सड़क और कनेक्टिविटी: सुगम होगा सफर

सड़कें विकास की धमनियां होती हैं। मुख्यमंत्री धामी ने कनेक्टिविटी को बेहतर बनाने के लिए करोड़ों के मोटर मार्गों का लोकार्पण किया है।

  • मुख्य मोटर मार्ग: ₹18.84 करोड़ की लागत वाला कोटी डिमऊ मोटर मार्ग और ₹13.06 करोड़ का नागल ज्वालापुर-डोईवाला मार्ग क्षेत्र के सामाजिक-आर्थिक परिदृश्य को बदल देगा।
  • आंतरिक सड़कें: ऋषिकेश और डोईवाला के विभिन्न आंतरिक मार्गों पर डामरीकरण और इंटरलॉकिंग टाइल्स के माध्यम से "अंतिम मील तक पहुंच" सुनिश्चित की गई है।

5. बाढ़ सुरक्षा और कृषि: किसानों की रक्षा का संकल्प

उत्तराखंड में नदियाँ वरदान भी हैं और बरसात में चुनौती भी। धामी सरकार ने बाढ़ सुरक्षा और नहरों के जीर्णोद्धार पर विशेष ध्यान दिया है।

  • बाढ़ सुरक्षा: सुसवा नदी (डोईवाला), बांदल नदी (मसूरी), और जाखन नदी के तटों पर करोड़ों की लागत से सुरक्षा दीवारें बनाने का काम शुरू हुआ है।
  • नहरों का उद्धार: चकराता की कफना, खरकोटा, चायला नहरों के साथ-साथ सहसपुर की आसन और डूंगा नहरों के जीर्णोद्धार से कृषि क्षेत्र में सिंचाई की समस्या खत्म होगी।

महत्वपूर्ण योजनाओं की विस्तृत सूची (Bullet Points)

लोकार्पण की प्रमुख योजनाएं:

  • ₹1860.04 लाख: इंदिरानगर आवास विकास कॉलोनी की जलोत्सारण योजना।
  • ₹661.69 लाख: ऋषिकेश में मीराबेन और शारदापीठ घाट का निर्माण।
  • ₹496.89 लाख: पशुलोक ऋषिकेश में हीफर रियरिंग फार्म का विस्तार।
  • ₹452.74 लाख: कालसी के जामुनस्रोत में अमलावा नदी से बाढ़ सुरक्षा।
  • ₹457.66 लाख: जगतपुर से दुधई मोटर मार्ग का अपग्रेडेशन।

शिलान्यास की प्रमुख योजनाएं:

  • ₹905.20 लाख: देहरादून के साकेत कॉलोनी और कैनाल रोड क्षेत्र में सीवरेज योजना।
  • ₹430.00 लाख: धर्मपुर विधानसभा में सुसवा नदी के तटों पर सुरक्षा कार्य।
  • ₹479.24 लाख: विकासनगर में ढकरानी नहर का जीर्णोद्धार।
  • ₹649.82 लाख: राजपुर रोड पेयजल योजना का सुदृढ़ीकरण।

विशेष विश्लेषण: "जन-जन की सरकार" का प्रभाव

विशेषज्ञों का मानना है कि धामी सरकार द्वारा एक साथ इतनी बड़ी परियोजनाओं को धरातल पर उतारना 'वित्तीय प्रबंधन' और 'प्रशासनिक इच्छाशक्ति' का बेहतरीन उदाहरण है।

  1. पलायन पर रोक: जब गांवों और कस्बों में सड़क, शिक्षा और स्वास्थ्य की सुविधाएं पहुंचती हैं, तो पहाड़ों से होने वाला पलायन स्वतः कम हो जाता है।
  2. स्थानीय रोजगार: ₹401 करोड़ के इन निर्माण कार्यों से हजारों स्थानीय युवाओं और श्रमिकों को रोजगार मिला है।
  3. पर्यटन को बढ़ावा: ऋषिकेश में घाटों का निर्माण और सड़कों का सुधार भविष्य में तीर्थयात्रियों और पर्यटकों की संख्या में वृद्धि करेगा।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के ये "चार साल बेमिसाल" केवल नारों तक सीमित नहीं हैं, बल्कि ये आंकड़े और धरातल पर उतरती योजनाएं इसकी गवाह हैं। ₹401.86 करोड़ का यह निवेश उत्तराखंड को एक 'आदर्श राज्य' बनाने की दिशा में बहुत बड़ा कदम है।




📢 खबरों को सबसे पहले पाने के लिए आपकी मीडिया को फॉलो करें
👉 WhatsApp Channel Join करें 👉 WhatsApp Group Join करें
Krishna Kumar
लेखक के बारे में

कृष्ण कुमार

कृष्ण कुमार को छोटी उम्र से ही खबरों की दुनिया ने इतना रोमांचित किया कि पत्रकारिता को ही करियर बना लिया। 6+ साल पहले 'आपकी मीडिया' जैसे बहुआयामी संस्थान... और पढ़ें
Previous Post Next Post

Advertisement