देहरादून: उत्तराखंड के प्रमुख सरकारी चिकित्सा संस्थान, राजकीय दून मेडिकल कॉलेज (GDMC) में स्वास्थ्य सुविधाओं को एक नई ऊंचाई मिली है। कॉलेज प्रशासन ने संस्थान में अत्याधुनिक डायनेमिक डिजिटल रेडियोग्राफी (DDR) मशीन को सफलतापूर्वक स्थापित कर दिया है। यह मशीन न केवल जांच की सटीकता बढ़ाएगी, बल्कि गंभीर बीमारियों के शुरुआती निदान (Diagnosis) में भी गेम-चेंजर साबित होगी।
DDR मशीन: एक नज़र में मुख्य विशेषताएं
| विशेषता | विवरण |
| तकनीक का नाम | डायनेमिक डिजिटल रेडियोग्राफी (DDR) |
| मुख्य लाभ | गतिशील अंगों (Dynamic Organs) की लाइव इमेजिंग |
| विशेष फोकस | फेफड़े (Lungs), हृदय (Heart), और मस्कुलोस्केलेटल सिस्टम |
| प्रयास | डॉ. गीता जैन (प्राचार्य, दून मेडिकल कॉलेज) |
| लाभार्थी | प्रतिदिन आने वाले सैकड़ों मरीज और मेडिकल छात्र |
पारंपरिक एक्स-रे से कितनी अलग है DDR तकनीक?
अबतक सरकारी अस्पतालों में इस्तेमाल होने वाले पारंपरिक एक्स-रे केवल 'स्टिल फोटो' (स्थिर चित्र) लेते थे। लेकिन नई DDR मशीन की खासियत यह है कि:
- लाइव मोशन: यह अंगों के कार्य करते समय (जैसे सांस लेते समय फेफड़े या धड़कते समय हृदय) की गतिशील तस्वीरें लेती है।
- सटीक निदान: इससे डॉक्टर यह देख पाएंगे कि अंग वास्तव में कैसे काम कर रहे हैं, जिससे बीमारियों की पहचान बहुत बारीकी से हो सकेगी।
- कम रेडिएशन: आधुनिक होने के कारण इसमें रेडिएशन का खतरा भी कम होता है।
प्राचार्य डॉ. गीता जैन का विजन: आधुनिक स्वास्थ्य सेवा
इस उपलब्धि का मुख्य श्रेय कॉलेज की प्राचार्य डॉ. गीता जैन को जाता है। उनके प्रयासों से दून मेडिकल कॉलेज अब निजी अस्पतालों के बराबर की तकनीक से लैस हो गया है।
"हमारा उद्देश्य प्रदेश के आम नागरिकों को न्यूनतम खर्च पर विश्वस्तरीय स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराना है। DDR मशीन के आने से हमारे डॉक्टरों को जटिल मामलों को समझने में बहुत मदद मिलेगी।" - कॉलेज प्रशासन
मरीजों और छात्रों के लिए 'डबल' फायदा
- त्वरित रिपोर्ट: आधुनिक तकनीक होने के कारण मरीजों को जांच रिपोर्ट के लिए लंबा इंतजार नहीं करना पड़ेगा।
- शैक्षिक लाभ: दून मेडिकल कॉलेज के एमबीबीएस और पैरामेडिकल छात्रों को अब अत्याधुनिक मशीनों पर व्यावहारिक प्रशिक्षण (Practical Training) लेने का अवसर मिलेगा, जो उनके भविष्य के लिए महत्वपूर्ण है।
उत्तराखंड के स्वास्थ्य क्षेत्र में नया मील का पत्थर
राजकीय दून मेडिकल कॉलेज में DDR मशीन की स्थापना प्रदेश सरकार के 'स्वस्थ उत्तराखंड' के संकल्प को मजबूती देती है। आने वाले समय में यह मशीन विशेषकर सांस और हृदय रोगियों के लिए वरदान साबित होगी।
