देहरादून, 02 अप्रैल 2026: प्रदेश के अल्पसंख्यक कल्याण मंत्री खजान दास ने आज विधानसभा स्थित सभागार में विभाग की महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक ली। बैठक के दौरान मंत्री ने स्पष्ट किया कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में सरकार अल्पसंख्यकों के सर्वांगीण विकास और उनके कल्याण के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।
मंत्री ने विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिए कि सरकारी योजनाओं का लाभ पात्र व्यक्तियों तक पहुँचाने के लिए प्रचार-प्रसार में कोई कमी न छोड़ी जाए और कार्यों में पारदर्शिता सुनिश्चित की जाए।
अल्पसंख्यक कल्याण विभाग: समीक्षा बैठक के मुख्य बिंदु (Key Decisions)
| योजना/विषय | मंत्री के मुख्य निर्देश (Minister's Directives) |
| छात्रवृत्ति वितरण | जनपदों में कैंप लगाकर जनप्रतिनिधियों के माध्यम से वितरण। |
| मुख्यमंत्री हुनर योजना | NGO के माध्यम से चल रहे कौशल कार्यों की जनप्रतिनिधि करेंगे निगरानी। |
| प्रचार-प्रसार | योजनाओं की जानकारी हेतु होर्डिंग और डिजिटल माध्यमों का उपयोग। |
| निगरानी (Monitoring) | विभागीय कार्यों की समय-समय पर स्थलीय जांच और देखरेख। |
| उपस्थिति | मदरसा बोर्ड, वक्फ बोर्ड और अल्पसंख्यक आयोग के अध्यक्ष शामिल। |
जनता तक सीधी पहुँच और पारदर्शिता पर फोकस
- पारदर्शिता के लिए जनप्रतिनिधियों की भागीदारी: मंत्री खजान दास ने निर्देश दिए कि विभाग द्वारा दी जाने वाली छात्रवृत्ति (Scholarship) का वितरण बंद कमरों के बजाय सार्वजनिक कैंपों में किया जाए। इसमें स्थानीय जनप्रतिनिधियों को शामिल किया जाए ताकि अधिक से अधिक लोगों को योजनाओं की जानकारी मिल सके।
- मुख्यमंत्री हुनर योजना की समीक्षा: 'हुनर योजना' के तहत विभिन्न एनजीओ (NGO) के माध्यम से युवाओं को दिए जा रहे कौशल विकास प्रशिक्षण की गुणवत्ता पर मंत्री ने विशेष ध्यान दिया। उन्होंने कहा कि इन कार्यक्रमों की प्रगति रिपोर्ट स्थानीय विधायकों और प्रतिनिधियों को भी दी जाए।
- जागरूकता अभियान: विभागीय कार्यों के प्रति जनमानस को जागरूक करने के लिए प्रमुख स्थलों पर होर्डिंग लगाने और अन्य प्रचार माध्यमों का सहारा लेने के निर्देश दिए गए। मंत्री ने कहा, "जब कार्य करने की नीयत साफ हो, तो परिणाम भी सुखद होते हैं।"
- वक्फ और मदरसा बोर्ड को निर्देश: बैठक में वक्फ बोर्ड के अध्यक्ष शादाब शम्स और मदरसा बोर्ड के अध्यक्ष मुफ्ती शमून कासमी भी मौजूद रहे। मंत्री ने बोर्ड की संपत्तियों के प्रबंधन और मदरसों में आधुनिक शिक्षा के विस्तार पर भी चर्चा की।
- अगली बैठक का एजेंडा: मंत्री ने कहा कि अगली समीक्षा बैठक में नए तथ्यों और अब तक हुई प्रगति की रिपोर्ट के साथ अधिकारी उपस्थित रहेंगे। विकास का लक्ष्य केवल कागजों पर नहीं, बल्कि धरातल पर दिखना चाहिए।
सशक्तिकरण की ओर बढ़ते कदम
अल्पसंख्यक कल्याण मंत्री की इस सक्रियता से विभाग में नई ऊर्जा का संचार होने की उम्मीद है। छात्रवृत्ति वितरण में पारदर्शिता और हुनर योजना के माध्यम से युवाओं को रोजगार से जोड़ने की यह पहल राज्य के समावेशी विकास में सहायक सिद्ध होगी।