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देहरादून। उत्तराखंड में शीतकालीन खेलों (Winter Sports) के विकास और राज्य को अंतरराष्ट्रीय खेल मानचित्र पर स्थापित करने की दिशा में एक बड़ा मील का पत्थर सामने आया है। देहरादून स्थित हिमाद्रि आइस रिंक में आयोजित हो रही तीन दिवसीय '21वीं नेशनल आइस स्केटिंग चैंपियनशिप-2026' में देश के कोने-कोने से आए एथलीटों का हौसला बढ़ाने के लिए प्रदेश की खेल मंत्री श्रीमती रेखा आर्या मुख्य अतिथि के रूप में कार्यक्रम स्थल पर पहुंचीं। रविवार को आयोजित इस विशेष सत्र के दौरान खेल मंत्री ने प्रतियोगिता का अवलोकन किया और विभिन्न विधाओं में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर रहे देश के शीर्ष आइस स्केटर्स का उत्साहवर्धन किया।
इस अवसर पर खेल मंत्री रेखा आर्या ने कहा कि उत्तराखंड अब केवल पारंपरिक पर्यटन, तीर्थाटन और प्राकृतिक वादियों के क्षेत्र में ही अग्रणी नहीं है, बल्कि यह शीतकालीन और साहसिक खेलों के लिए भी देश और दुनिया के नक्शे पर तेजी से अपनी एक नई और विशिष्ट पहचान बना रहा है।
हिमाद्रि आइस रिंक: भारत का एकमात्र और सबसे आधुनिक विश्वस्तरीय इनडोर रिंक
समारोह को संबोधित करते हुए खेल मंत्री श्रीमती रेखा आर्या ने देहरादून के इस अत्याधुनिक खेल बुनियादी ढांचे की सराहना की। उन्होंने कहा कि हिमाद्रि आइस रिंक वर्तमान में भारत का एकमात्र और सबसे आधुनिक, विश्वस्तरीय मानदंडों के अनुरूप तैयार किया गया इनडोर आइस रिंक है। यह रिंक न केवल उत्तराखंड के स्थानीय खिलाड़ियों को अंतरराष्ट्रीय स्तर की ट्रेनिंग सुविधाएं प्रदान कर रहा है, बल्कि यह राज्य की समग्र खेल क्षमताओं और आयोजन दक्षताओं को एक नई व सुदृढ़ दिशा देने का ऐतिहासिक काम कर रहा है।
प्रतियोगिता के तकनीकी और व्यापक स्वरूप को रेखांकित करते हुए खेल मंत्री ने निम्नलिखित मुख्य जानकारियां साझा कीं:
- 21 राज्यों की भागीदारी: इस 21वीं नेशनल आइस स्केटिंग चैंपियनशिप में देश के 21 अलग-अलग राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों से आए एथलीट अपनी खेल क्षमता का प्रदर्शन कर रहे हैं।
- 500 से अधिक खिलाड़ी: इस भव्य राष्ट्रीय प्रतियोगिता में देश भर के 500 से अधिक युवा और उभरते हुए एथलीट प्रतिभाग कर रहे हैं।
- ओलंपिक स्पर्धाओं का आयोजन: राष्ट्रीय प्रतियोगिता के दौरान खिलाड़ी मुख्य रूप से 'शॉर्ट ट्रैक' (Short Track) और 'फिगर स्केटिंग' (Figure Skating) जैसी वैश्विक एवं ओलंपिक स्तर की महत्वपूर्ण स्पर्धाओं में अपनी टाइमिंग और तकनीकी कौशल का प्रदर्शन कर रहे हैं।
- खेल पर्यटन को बढ़ावा: इस प्रकार के बड़े राष्ट्रीय आयोजनों से देश में न केवल विंटर स्पोर्ट्स के प्रति युवाओं का आकर्षण बढ़ेगा, बल्कि उत्तराखंड भविष्य में बड़े अंतरराष्ट्रीय खेल आयोजनों की मेजबानी करने के लिए एक पूरी तरह से सक्षम राज्य के रूप में स्थापित होगा।
सुरक्षित भविष्य का संकल्प: नौकरियों में 4% क्षैतिज आरक्षण और 'आउट ऑफ टर्म' पॉलिसी
खेल मंत्री रेखा आर्या ने अपने संबोधन में खिलाड़ियों के सामाजिक और आर्थिक सशक्तिकरण को लेकर उत्तराखंड सरकार की महत्वपूर्ण नीतियों और विज़न को साझा किया। उन्होंने स्पष्ट किया कि राज्य सरकार केवल प्रतियोगिताओं के आयोजन तक सीमित नहीं है, बल्कि खिलाड़ियों के भविष्य को आर्थिक रूप से सुरक्षित और सुदृढ़ बनाने के लिए भी नीतिगत स्तर पर लगातार ठोस प्रयास कर रही है।
खिलाड़ियों के हित में उठाए गए मुख्य प्रशासनिक कदम निम्नलिखित हैं:
- 4 प्रतिशत क्षैतिज आरक्षण: उत्तराखंड के मूल निवासी प्रतिभावान खिलाड़ियों के लिए राज्य सरकार की सरकारी नौकरियों में 4 प्रतिशत क्षैतिज (Horizontal) आरक्षण की विधिक व्यवस्था को पूर्ण रूप से लागू किया गया है।
- 'आउट ऑफ टर्म' नौकरी की नीति: राष्ट्रीय खेलों (National Games) के पदक विजेताओं को प्रोत्साहित करने तथा उनके भविष्य को सुरक्षित करने के लिए सरकार 'आउट ऑफ टर्म' सीधे नौकरी देने की दिशा में तेजी से कार्य कर रही है।
- आजीविका की चिंता से मुक्ति: इन नीतियों का मुख्य ध्येय यह है कि खिलाड़ी अपने जीवनयापन या आजीविका की चिंताओं से पूरी तरह मुक्त होकर केवल और केवल अपने खेल अभ्यास पर ध्यान केंद्रित कर सकें और देश के लिए पदक जीत सकें।
पारंपरिक पर्यटन से आगे: उत्तराखंड को आधुनिक स्पोर्ट्स हब बनाने का लक्ष्य
खेल मंत्री ने राज्य सरकार के दीर्घकालिक विज़न को स्पष्ट करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में सरकार का अंतिम लक्ष्य उत्तराखंड को पारंपरिक इको-टूरिज्म के साथ-साथ एक सर्वसुविधायुक्त, आधुनिक 'स्पोर्ट्स हब' (Sports Hub) के रूप में विकसित करना है। इसके लिए राज्य के मैदानी और पहाड़ी क्षेत्रों में खेल अवस्थापनाओं का जाल बिछाया जा रहा है।
उन्होंने इस अत्यंत सफल और त्रुटिहीन राष्ट्रीय स्तर के आयोजन के लिए 'आइस स्केटिंग एसोसिएशन ऑफ इंडिया' के पदाधिकारियों को प्रशासनिक बधाई दी और देश के विभिन्न राज्यों से आए सभी 500 से अधिक खिलाड़ियों को अपनी शुभकामनाएं प्रेषित कीं।
नेशनल आइस स्केटिंग चैंपियनशिप-2026
| क्र.सं. | प्रतियोगिता एवं प्रशासनिक मानक (Championship Metrics) | दर्ज आधिकारिक विवरण एवं मुख्य आंकड़े (Official Event Details) |
|---|---|---|
| 1. | प्रतियोगिता का आधिकारिक नाम | 21वीं नेशनल आइस स्केटिंग चैंपियनशिप-2026 |
| 2. | आयोजन स्थल (विश्वस्तरीय रिंक) | हिमाद्रि आइस रिंक, देहरादून, उत्तराखंड |
| 3. | मुख्य अतिथि (उत्साहवर्धन कर्ता) | श्रीमती रेखा आर्या (माननीय खेल मंत्री, उत्तराखंड सरकार) |
| 4. | आयोजन की तिथि / दिन | रविवार, 28 जून, 2026 |
| 5. | प्रतिभागी राज्यों की कुल संख्या | देश के 21 राज्य एवं केंद्र शासित प्रदेश |
| 6. | प्रतिभाग करने वाले कुल एथलीट | 500 से अधिक युवा खिलाड़ी |
| 7. | आयोजित होने वाली मुख्य ओलंपिक स्पर्धाएं | शॉर्ट ट्रैक (Short Track) एवं फिगर स्केटिंग (Figure Skating) |
| 8. | खिलाड़ियों हेतु राज्य की मुख्य नीति | सरकारी नौकरियों में 4% क्षैतिज आरक्षण एवं 'आउट ऑफ टर्म' जॉब पॉलिसी |
अंतरराष्ट्रीय जूरी और विंटर स्पोर्ट्स के दिग्गज रहे उपस्थित
देहरादून में आयोजित हो रहे इस राष्ट्रीय खेल महाकुंभ की गरिमा और तकनीकी निष्पक्षता को बनाए रखने के लिए अंतरराष्ट्रीय और राष्ट्रीय स्तर की खेल हस्तियां इस दौरान मौजूद रहीं। कार्यक्रम के दौरान आइस स्केटिंग एसोसिएशन ऑफ इंडिया के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमिताभ शर्मा, राष्ट्रीय सचिव जगराज साहनी और स्थानीय स्तर पर तैयारियों की कमान संभाल रहे आइस स्केटिंग एसोसिएशन उत्तराखंड के अध्यक्ष शिव पैन्यूली विशेष रूप से मंच पर उपस्थित रहे।
इसके साथ ही, प्रतियोगिता में खिलाड़ियों के प्रदर्शन का सटीक और निष्पक्ष मूल्यांकन करने के लिए विभिन्न देशों से आए अंतरराष्ट्रीय स्तर के रेफरी और निर्णायक मंडल (Jury Members) के सदस्य भी रिंक पर मुस्तैद दिखाई दिए। खेल मंत्री के दौरे के समय बड़ी संख्या में खेल प्रेमी, खेल विभाग के वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी और स्थानीय नागरिक भी स्टैंड्स में मौजूद रहे, जिन्होंने तालियों की गड़गड़ाहट के साथ एथलीटों का उत्साह बढ़ाया।
